राजमहल में सेंध: कोठीघर से चोरी हुई ऐतिहासिक मूर्ति, CCTV फुटेज में मिला सुराग

अंबिकापुर

सरगुजा राजपरिवार के कोठीघर परिसर से लगभग 15 किलो वजनी पीतल की हाथी की मूर्ति चोरी कर ली गई। यह स्थल, सरगुजा पैलेस से लगा हुआ है। कोठीघर के ठीक सामने मुख्य सड़क गुजरी है। सीसी कैमरे में घटना कैद हुई है।

सीसीटीवी कैमरे की एक युवक चोरी कर वापस जाता नजर आ रहा है। चोरी की घटना रविवार 3 अगस्त को मध्यरात्रि के बाद हुई है। सीसी कैमरे के फुटेज के आधार पर पुलिस अब आरोपित की पहचान सुनिश्चित करने का प्रयास कर रही है।

सरगुजा राजपरिवार का निवास कोठीघर के नाम से जाना जाता है। यह सरगुजा पैलेस से लगा हुआ है। राजपरिवार के लोग जब आते हैं तो वे कोठीघर में रहते हैं। इसका निर्माण कई साल पहले पैलेस के क्षतिग्रस्त होने के बाद कराया गया था। पूर्व उप मुख्यमंत्री सिंहदेव का निवास तपस्या है। वे कोठीघर में भी रहते हैं।

जोड़े मे से एक हाथी उठा ले गया
बता दें कि कोठीघर के एक हिस्से का उपयोग वर्षो तक सरगुजा जिला कांग्रेस कार्यालय के रूप में किया जाता रहा है। हाथी के जिस पीतल की वजनी मूर्ति की चोरी हुई है, वह दो वर्ष पहले लगाई गई थी, जब कोठीघर का नए सिरे से मरम्मत और निर्माण कराया गया था। कोठीघर में प्रवेश के मुख्य प्रवेश द्वार के सामने पोर्च के दोनों ओर पीतल के दो हाथी की मूर्ति रखी गई थी। इसमें एक हाथी नजर नहीं आने पर सीसी कैमरों को खंगाला गया तो चोरी का पता चला।

पुराने पैलेस की तरफ से आया चोर
कोठीघर के प्रबंधक राज सोनी ने कोतवाली थाने में चोरी की शिकायत दर्ज कराई। सीसी कैमरों में आए फुटेज से स्पष्ट है कि चोर पुराने पैलेस की ओर से कोठीघर परिसर में आया। जहां सामने पोर्च में दोनों ओर लगी हाथी की पीतल की मूर्तियों में से एक को निकालकर अपने साथ ले गया। मूर्ति की कीमत लगभग 40 हजार थी। पूर्व उप मुख्यमंत्री टीएस सिंहदेव इन दिनों विदेश प्रवास पर हैं। राजपरिवार के कोई सदस्य वर्तमान में यहां नहीं है।

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