वर्ष 2024 के 17,58,930 की तुलना में वर्ष 2025 में ट्रैफिक रूल उल्लंघन के हुए 13,78,919 मामले दर्ज

योगी सरकार का ट्रैफिक अवेयरनेस मंत्र हिट, पिछले वर्ष की तुलना में लगभग 4 लाख कम हुए चालान

वर्ष 2024 के 17,58,930 की तुलना में वर्ष 2025 में ट्रैफिक रूल उल्लंघन के हुए 13,78,919 मामले दर्ज 

सीसीटीवी कैमरों और डिजिटल निगरानी के माध्यम से वर्ष 2026 में चलाया जाएगा सघन चेकिंग और जागरूकता अभियान

राष्ट्रीय सड़क सुरक्षा माह 01 जनवरी से शुरू, चल रहा है प्रदेशव्यापी सघन चेकिंग अभियान 

लखनऊ
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के मार्गदर्शन में परिवहन विभाग ने वर्ष भर सड़क सुरक्षा और ट्रैफिक नियमों के प्रति जागरूकता अभियान चलाये, उसी का परिणाम है कि पिछले साल की तुलना में वर्ष 2025 में लगभग चार लाख चालान कम दर्ज किए गये हैं। जो लोगों में सड़क सुरक्षा और ट्रैफिक रूल के प्रति बढ़ती जागरूकता को दर्शाता है। परिवहन विभाग के अधिकारियों ने हाल ही में सम्पन्न हुई समीक्षा बैठक में बताया कि विभाग ने वर्ष 2024 के 17,58,930 चालानों के मुकाबले वर्ष 2025 में 13,78,919 चालान दर्ज किये हैं। जिसके आधार पर लगभग 454.49 करोड़ रुपये वसूले किये गये हैं। इसी क्रम में परिवहन विभाग वर्ष 2026 में डिजीटल निगरानी और जागरूकता अभियान चलाएगा, जिसकी शुरूआत जनवरी माह में चलाए जा रहे राष्ट्रीय सड़क सुरक्षा माह के साथ हो रही है।  

हेल्मेट न पहनने वालों के हुए सबसे ज्याद चालान

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के विजन के मुताबिक यूपी परिवहन विभाग ने सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाने के उद्देश्य से समय-समय पर जागरूकता अभियान चलाये और ट्रैफिक नियमों का सख्ती से पालन सुनिश्चित किया। परिणाम स्वरूप ट्रैफिक नियमों के उल्लंघन के अपेक्षाकृत कम मामले दर्ज किए गये हैं। इसके बारे में विस्तृत रिपोर्ट पेश करते हुए विभाग के अधिकारियों ने समीक्षा बैठक में बताया कि वर्ष 2025 में सबसे ज्याद चालान 6,32,901 हेलमेट न पहनने के मामले में दर्ज हुए। इसी तरह 14,535 ड्राइविंग लाइसेंस निलंबित किए गए और सीटबेल्ट उल्लंघन के मामलों में 1,33,189 चलान हुए हैं। जबकि ओवरस्पीडिंग के पिछले वर्ष के 7,77,897 मामलों की तुलना में इस वर्ष 3,30,171 मामलों में चालान के साथ उल्लेखनीय कमी भी दर्ज की गई है। वहीं ड्रिंक एंड ड्राइव के 3,611 मामले और रॉन्ग साइड चलाने वालों से 56,079 चालान वसूले गये हैं। 

व्यवसायिक वाहनों में ओवरलोडिंग के 54,923 मामले हुए दर्ज

विभाग के अधिकारियों ने बताया कि व्यवसायिक वाहनों की प्रवर्तन कार्यवाही के मामालों में ओवरलोडिंग के 54,923 मामले दर्ज हुए हैं, जबकि गलत नंबर प्लेट के 11,892 और माल वाहन से यात्री ढोने के 1,226 चालान वसूले गये। वहीं कमर्शियल वाहनों में स्पीड लिमिट डिवाइस न लगाने के 20,431 मामले दर्ज किए गये। विभाग की ओर से चलाए गये विशेष चेकिंग अभियानो  के जरिये अप्रैल माह में अपंजीकृत ई-रिक्शा के खिलाफ 36,773 और अंतर्जनपदीय ओवरलोड मालवाहकों पर 1,786 मामले दर्ज किये गये। मई माह में अनधिकृत यात्री वाहनों पर 2,218 और जून माह में निजी वाहनों के वाणिज्यिक उपयोग पर 1,821 चालान दर्ज किये गये। सितंबर में अन्य राज्यों के उल्लंघनकारी वाहनों पर 6,832 और अक्टूबर में बिना नंबर प्लेट के डम्पर-ट्रक पर 5,073 चालान दर्ज हुए हैं।

राष्ट्रीय सड़क सुरक्षा माह में प्रदेशव्यापी सघन चेकिंग अभियान
 
परिवहन विभाग के अधिकारी ने बैठक में बताया कि वर्ष 2026 में विभाग प्रदेश में सड़क दुर्घटना में कमी लाने और ट्रैफिक रूल के पालन को सुनिश्चित करने के लिए डिजिटल निगरानी और जागरूकता अभियानों को और तेज करेगा। जिसकी शुरूआत 01 जनवरी से शुरू हो रहे, राष्ट्रीय सड़क सुरक्षा माह के साथ की जा रही है। इसके दौरान परिवहन विभाग, पुलिस, लोक निर्माण, स्वास्थ्य एवं चिकित्सा और सूचना विभाग के साथ मिलकर प्रदेशव्यापी सड़क सुरक्षा जागरूकता अभियान के साथ सघन चेकिंग अभियान भी चलाएगा। मोटरसाइकिल चालकों में जागरूकता बढ़ाने के लिए पूरे माह नो हेल्मेट नो फ्यूल का भी अभियान चलाया जा रहा है। साथ ही प्रदेश के चिन्हित ब्लैक स्पॉट और हाई रिस्क जोन में विशेष सतर्कता बरती जा रही है। वहीं सूचना के सहयोग से सड़क सुरक्षा और जागरूकता का व्यापक प्रचार-प्रसार किया जा रहा है साथ ही स्कूल-कालेजों में जागरूकता अभियान चलाए जाएगें।

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