सागर
मध्य प्रदेश में बीते दिनों किसानों को अपनी मूंग की उपज की एमएसपी यानि न्यूनतम समर्थन मूल्य पर खरीदी कराने के लिए आंदोलन करना पड़ा था, तब जाकर 60 फीसदी मूंग की खरीदी सरकार एमएसपी पर कर रही है. यहां तक सरकार बुकिंग की अंतिम तिथि बढ़ाने का भी फैसला लिया था. जिसके बाद किसान मान गए थे और आंदोलन वापस लिया. अब प्रदेश में 60 फीसदी मूंग एमएसपी पर खरीदी जा रही है. हालांकि कई जगहों पर खरीदी केंद्रों पर फर्जीवाड़ा और गड़बड़ी की शिकायतें सामने आ रही हैं. जिस पर एक्शन लेते हुए रहली विकासखंड के गुंजौरा खरीदी केंद्र के कंप्यूटर ऑपरेटर को हटा दिया गया है।
मध्य प्रदेश में कितनी MSP पर सरकार खरीदी रही कितना मूंग
दरअसल, 27 जुलाई को नर्मदापुरम में किसान इकट्ठा हुए थे और सेठानी घाट पर प्रदर्शन करते हुए भोपाल की तरफ कूच किया था. किसान मूंग खरीदी की 100 प्रतिशत खरीदी की मांग कर रहे थे. किसानों के प्रदर्शन को देखते हुए मध्य प्रदेश सरकार ने किसानों की मांग को मान लिया था, हालांकि सरकार 100 नहीं 60 प्रतिशत खरीदी पर तैयार हुई है. बताते चलें पहले प्रदेश में 25 प्रतिशत मूंग एमएसपी पर खरीदी जा रही थी. एमपी में मूंग की एमएसपी 8,768 रुपए प्रति क्विंटल तय किया गया है।
जिसके हिसाब से अब मोहन यादव सरकार 60 प्रतिशत मूंग न्यूनतम समर्थन मूल्य पर खरीदेगी. इसके साथ ही स्लॉट बुकिंग की अंतिम तिथि 30 जुलाई से बढ़ाकर 10 अगस्त कर द गई है. इसके अलावा उपार्जन की अंतिम तिथ 10 अगस्त से बढ़ाकर 20 अगस्त कर दी गई है।
रहली में वसूली का वीडियो सर्कुलेट
रहली विकासखंड के गुंजौरा खरीदी केंद्र पर अवैध वसूली का मामला सामने आया है. सोशल मीडिया पर सर्कुलेट वीडियो में खरीदी केंद्र में मौजूद एक व्यक्ति किसानों से प्रति क्विंटल 300 रुपए की वसूली करता दिखाई दे रहा है. गुंजौरा स्थित मूंग खरीदी केंद्र का बताए जा रहे इस वीडियो में एक व्यक्ति किसानों से भुगतान की बात करता दिखाई देता है. बातचीत में ये भी हो रहा है कि मूंग अगर अमानक रहेगी, मिट्टी मिली या खराब होगी, तो भी खरीदी जाएगी. इसके एवज में प्रति क्विंटल 300 रुपए देने होंगे. वीडियो में एक व्यक्ति अपनी पांच क्विटंल मूंग के 1500 रुपए देते हुए भी नजर आ रहा है. किसानों का आरोप है कि मूंग को जबरन खराब बताकर वसूली की जा रही है।
देवरी में भी 200-300 रुपए की वसूली
देवरी विकासखंड के देवरी और केसली में भी मूंग खरीदी केंद्रों पर किसानों से अवैध वसूली के गंभीर आरोप लग रहे हैं. मिली जानकारी के अनुसार सेवा सहकारी समिति थावरी में ऊषा वेयरहाउस, मुआर खास में मूंग खरीदी केंद्र पर भारी गड़बड़ी की जा रही है. मूंग खरीदी केंद्रों पर किसान की मूंग की अमानक, कचरा और मिट्टी मिली बताकर वसूली की जा रही है. जो किसान 200-300 रुपए प्रति क्विटंल पैसा देने तैयार है. उसकी मूंग कैसी भी हो, वह एमएसपी पर खरीदी जा रही है. कई खरीदी केंद्रों पर तो व्यापारियों की अमानक मूंग खरीदने के आरोप लगे हैं।
वीडियो के बाद कार्रवाई
रहली के गुंजौरा खरीदी केंद्र के वीडियों में ऑपरेटर हिमांशु तिवारी पैसों की मांग करते हुए वीडियों में दिखाई और सुनाई दे रहा है. वीडियो सामने आने के बाद कृषि विभाग हरकत में आया. प्रभारी एसडीओ कृषि, रहली तहसीलदार राजेश पांडे ने मौके पर पहुंचकर जांच की. अधिकारियों ने पंचनामा तैयार कर सभी के बयान दर्ज किए और हिमांशु तिवारी को ऑपरेटर पद से तत्काल प्रभाव से हटा दिया. फिलहाल मामले की जांच जारी है और जांके आधार पर आगे कार्रवाई की जाएगी।
