Day: December 28, 2024

  • छत्तीसगढ़ से लेकर झारखंड तक राष्ट्रीय सुरक्षा एजेंसी ने की छापेमारी, नक्सल सामग्री बरामद

    छत्तीसगढ़ से लेकर झारखंड तक राष्ट्रीय सुरक्षा एजेंसी ने की छापेमारी, नक्सल सामग्री बरामद

    छत्तीसगढ़/झारखंड

    राष्ट्रीय सुरक्षा एजेंसी NIA ने झारखंड और छत्तीसगढ़ के कई इलाकों में छापेमारी की है. NIA की कार्रवाई नक्सल मामलों से जुड़ी है. छापेमारी के दौरान 1.5 लाख नकदी समेत कई आपत्तिजनक नक्सल सामाग्री बरामद की गई है. झारखंड के गाराडीह में इलाके में 2023 में हुए नक्सल कैडर कृष्णा हांसदा की गिरफ्तारी के बाद छापेमारी की गई है. वहीं छत्तीसगढ़ के नक्सल प्रभावित गरियाबंद और धमतरी जिले के 11 से अधिक संवदेनशील स्थानों पर भी छापेमारी की है.

    NIA ने शुक्रवार को भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (माओवादी) से जुड़े एक मामले में झारखंड के गिरिडीह में कई स्थानों पर छापेमारी की. अधिकारियों के मुताबिक छापेमारी के दौरान संदिग्धों और नक्सलियों के घरों और अन्य परिसरों की एनआईए की टीमों ने गहन तलाशी ली, जिसमें कई मोबाइल फोन और सिम कार्ड समेत अन्य आपत्तिजनक सामग्री जब्त की गई.

    जब्त की गई वस्तुओं की जांच की जा रही है. प्रतिबंधित आतंकवादी संगठन सीपीआई (माओवादी) के नक्सल कैडर कृष्णा हांसदा की गिरफ्तारी के बाद छापेमारी की गई. सीपीआई (माओवादी) के क्षेत्रीय समिति सदस्य हांसदा को जनवरी 2023 में डुमरी के लुसियो वन क्षेत्र से गिरफ्तार किया गया था. NIA ने जून 2023 को इस मामले को अपने हाथ में लिया था. एनआईए ने कई संदिग्धों और नक्सलियों के बीच संबंधों का पता लगाया, जिनके बारे में माना जाता है कि वे गिरिडीह के पारसनाथ इलाके में सीपीआई (माओवादी) को रसद और इलेक्ट्रॉनिक सामान की आपूर्ति में शामिल थे.

    इसके अलावा एनआई ने छत्तीसगढ़ के गरियाबंद और धमतरी जिलों के संवेदनशील माओवादी प्रभावित क्षेत्रों के रावनडिग्गी, सेमरा, मैनपुर, घोरागांव, केराबहरा और गरियाबंद गांवों के 11 संदिग्धों के ठिकानों पर पर भी छापेमारी की.

    छत्तीसगढ़ में साल 2023 में विधानसभा चुनाव के दौरान मतदान के बाद बड़ेगोबरा में पोलिंग पार्टी पर ब्लास्ट कर हमला किया था, जिसमें ITBP का एक हेड कॉन्स्टेबल शहीद हो गया था. घटना में नक्सलियों के मैनपुर-नुआपाड़ा डिवीजन से जुड़े होने का शक है. जिन संदिग्धों के परिसरों की आज तलाशी ली गई, उनके नाम मामले की एनआईए जांच के दौरान सामने आए थे.

    जानकारी के अनुसार तलाशी के दौरान 1.5 लाख नकदी सहित नक्सलियों से संबंधित पर्चे, पुस्तिकाएं, मोबाइल फोन और डिजिटल डिवाइस, सहित अन्य आपत्तिजनक सामग्री जब्त की गई. आतंकवाद निरोधी एजेंसी ने अब तक इस मामले में 10 आरोपियों के खिलाफ आरोपपत्र भी दाखिल किया है.

  • मुख्यमंत्री डॉ. यादव  ने बताया- वर्तमान वर्ष में गत चार वर्षों की तुलना में सर्वाधिक रही उर्वरकों की उपलब्धता

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बताया- वर्तमान वर्ष में गत चार वर्षों की तुलना में सर्वाधिक रही उर्वरकों की उपलब्धता

    भोपाल
    मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि यूरिया, डीएपी जैसे रासायनिक उर्वरकों की समय रहते उपलब्धता सुनिश्चित करते हुए गौवंश आधारित जैव उर्वरकों के उपयोग को प्रदेश में प्रोत्साहित किया जाए। कृषक, पारम्परिक अनुभव और स्वयं की पहल पर बड़े पैमाने में जैविक खाद का उपयोग कर रहे हैं। यह मिट्टी की गुणवत्ता और धरती की सेहत के लिए भी लाभप्रद है। उपयोग की जा रही जैविक खाद की मात्रा की गणना और दस्तावेजीकरण की आवश्यकता है। इस आधार पर प्रदेश में जैविक खाद के उपयोग को बढ़ाने के लिए कृषकों को प्रोत्साहित करने का मॉडल विकसित किया जाए। राज्य की यह पहल अन्य प्रदेशों के लिए भी अनुकरणीय होगी। रासायनिक उर्वरकों के उपयोग को हतोत्साहित करने के लिए जैविक तथा प्राकृतिक खाद जैसे विकल्प किसानों को उपलब्ध कराए जाएं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने प्रदेश में उर्वरक प्रबंधन की समीक्षा के दौरान यह विचार व्यक्त किए। मुख्यमंत्री के समत्व भवन में हुई बैठक में सहकारिता मंत्री श्री विश्वास सारंग, अपर मुख्य सचिव श्री राजेश राजौरा, अपर मुख्य सचिव श्री अशोक बर्णवाल तथा अन्य अधिकारी उपस्थित थे।

    उर्वरकों के अग्रिम भंडारण की व्यवस्था सुनिश्चित करें
    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि किसानों को फसल चक्र के अनुसार समय रहते उर्वरक उपलब्ध कराने के लिए उर्वरक वितरण के प्रमुख केन्द्रों पर अग्रिम भंडारण सुनिश्चित किया जाए। इसके लिए कार्य योजना विकसित करने के निर्देश दिए गए। बैठक में बताया गया कि प्रदेश में फसलों की बुवाई लगभग 97 प्रतिशत है। वर्तमान वर्ष में यूरिया, एन.पी.के.,एस.एस.पी और एम.ओ.पी. उर्वरकों की उपलब्धता गत चार वर्षों में सर्वाधिक है। वर्तमान तक उपलब्ध 35 लाख 68 हजार मीट्रिक टन में से 32 लाख मीट्रिक टन से अधिक यूरिया का वितरण हो चुका है। इसी प्रकार 9 लाख 29 हजार मीट्रिक टन एन.पी.के., 10 लाख 58 हजार मीट्रिक टन एस.एस.पी, 91 हजार मीट्रिक टन एम.ओ.पी. वितरित हो चुका है। इसी प्रकार 10 लाख 82 मीट्रिक टन डीएपी और 20 लाख 11 हजार मीट्रिक टन डीएपी + एन.पी.के. वितरित किया जा चुका है। बैठक में विभिन्न जिलों में मासिक उर्वरक व्यवस्था पर चर्चा हुई तथा आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।

     

  • राजस्थान में कैबिनेट का बड़ा फैसला- भजनलाल सरकार ने अशोक गहलोत के 9 नए जिलों को निरस्त कर दिया

    राजस्थान में कैबिनेट का बड़ा फैसला- भजनलाल सरकार ने अशोक गहलोत के 9 नए जिलों को निरस्त कर दिया

    जयपुर
    राजस्थान में भजनलाल सरकार ने अशोक गहलोत के 9 नए जिलों को निरस्त कर दिया है। सीएम भजनलाल शर्मा की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट की बैठक में खाद्य सुरक्षा योजना में नए लाभार्थी जोड़ने का भी निर्णय लिया गया है। कैबिनेट ने दूदू, केकड़ी, शाहपुरा, नीमकाथाना, गंगापुरसिटी, जयपुर ग्रामीण, जोधपुर ग्रामीण, अनूपगढ़ और सांचौर निरस्त कर दिया है।

    वहीं, गहलोत सरकार में बनाए नए 17 जिलों में 8 नए जिले भजनलाल कैबिनेट ने यथावत रखे हैं। इन जिलों में बालोतरा, ब्यावर, डीग, खैरथल-तिजारा, डीडवाना-कुचामन, कोटपूतली-बहरोड़, फलोदी और सलूंबर शामिल है। ऐसे में राजस्थान में अब 33 और 8 तो कुल 41 जिले रहेंगे। वहीं राजस्थान में अब 7 संभाग होंगे।

    कैबिनेट के फैसलों की जानकारी देते हुए मंत्री सुमित गोदारा ने कहा कि तीन नए संभागों सीकर, पाली और बांसवाड़ा को भी निरस्त कर दिया है। भजनलाल कैबिनेट की बैठक में निरस्त होने वाले जिलों और संभागों पर अंतिम मुहर लगी है। मंत्री सुमित गोदारा और जोगाराम पटेल ने प्रेस ब्रीफिंग करते हुए निरस्त होने वाले जिलों और संभागों के बारे में जानकारी दी है। बता दें कि पूर्ववर्ती गहलोत सरकार ने अंतिम समय में राजस्थान में 17 नए जिले और तीन नए संभाग बनाए थे। इस निर्णय को भजनलाल सरकार ने पलटते हुए 9 जिलों और नए बने तीनों संभागों को निरस्त कर दिया है, जबकि 8 जिले यथावत रहेंगे। वहीं, राज्य में संभाग पहले की तरह सात ही रहेंगे।

    इन जिलों को किया निरस्तः मंत्री सुमित गोदारा ने बताया कि कैबिनेट बैठक में लिए निर्णय के मुताबिक दूदू, केकड़ी, शाहपुरा, नीमकाथाना, गंगापुरसिटी, जयपुर ग्रामीण, जोधपुर ग्रामीण, अनूपगढ़, सांचौर जिले को निरस्त किया गया है। मंत्री के मुताबिक कैबिनेट बैठक में लिए निर्णय के मुताबिक बालोतरा, खैरथल-तिजारा, ब्यावर, कोटपूतली-बहरोड़, डीडवाना-कुचामन, फलोदी, डीग और संलूबर जिले यथावत रहेंगे।

  • पाक ने चीन से 40 J-35 फिफ्थ-जेनरेशन स्टील्थ फाइटर जेट्स खरीदने की योजना को मंजूरी दी

    पाक ने चीन से 40 J-35 फिफ्थ-जेनरेशन स्टील्थ फाइटर जेट्स खरीदने की योजना को मंजूरी दी

    इस्लामाबाद
    पाकिस्तान ने चीन से 40 J-35 फिफ्थ-जेनरेशन स्टील्थ फाइटर जेट्स खरीदने की योजना को मंजूरी दे दी है। इससे भारत और पाकिस्तान के बीच रक्षा क्षेत्र में कंपटीशन बढ़ने की संभावना है। ये विमान अगले दो वर्षों में पाकिस्तान को डिलीवर किए जाएंगे। J-35, चीन के J-31 का एक नया वर्जन है जिसे उसने बेचने के उद्देश्य को ध्यान में रखते हुए बनाया है। कहा जा रहा है कि इन विमानों की डिलीवरी के साथ पाकिस्तान आसमानी ताकत में भारत से 12 साल आगे निकल जाएगा। हालांकि ये दावा चीनी विशेषज्ञों का है।

    साउथ चाइना मॉर्निंग पोस्ट (SCMP) की रिपोर्ट के अनुसार, यह विमान हवा में महारत के साथ और जमीनी व समुद्री लक्ष्यों पर हमला करने के लिए डिजाइन किया गया है। इसमें अगली पीढ़ी के एवियोनिक्स और एडवांस स्टील्थ तकनीक का इस्तेमाल किया गया है। SCMP का कहना है कि यह विमान पाकिस्तान के पुराने अमेरिकी F-16 और फ्रांसीसी मिराज फाइटर जेट्स को बदलने के लिए तैयार किया गया है। चीन द्वारा किसी मित्र राष्ट्र को फिफ्थ-जेनरेशन फाइटर जेट्स का यह पहला निर्यात होगा। रक्षा विशेषज्ञों के अनुसार, यह कदम दक्षिण एशिया में शक्ति संतुलन को बदल सकता है।

    पाकिस्तान का रणनीतिक कदम
    पाकिस्तानी वायुसेना (PAF) ने पहले ही J-35 के लिए चीन में अपने पायलटों को प्रशिक्षण देना शुरू कर दिया है। जनवरी में पाकिस्तानी एयर चीफ मार्शल जहीर अहमद बाबर सिद्दू ने कहा था कि J-35 प्राप्त करने की नींव रखी जा चुकी है। SCMP के मुताबिक, ये विमान पाकिस्तान को भारत पर रणनीतिक बढ़त दिला सकते हैं। PAF के रिटायर्ड अधिकारी जिया उल हक शम्सी का कहना है कि J-35 विमानों की तैनाती से पाकिस्तान को अगले 12-14 वर्षों तक भारत पर बढ़त मिल सकती है। हालांकि, कुछ विशेषज्ञ इस अवधि को 7-8 वर्षों तक सीमित मानते हैं। बता दें कि पाकिस्तान द्वारा सामना किए जा रहे गंभीर आर्थिक संकट के बावजूद नए विमानों की खरीद प्रक्रिया को आगे बढ़ाया जा रहा है।

    बीजिंग में इसकी कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है और न ही यहां के सरकारी मीडिया में इस तरह के सौदे का कोई उल्लेख है। जे-35 को मुख्य रूप से चीनी विमानवाहक पोतों के लिए लड़ाकू जेट माना जाता है। इस विमान को पिछले महीने झुहाई शहर में आयोजित वार्षिक एयर शो में प्रदर्शित किया गया था, जिसमें पीएएफ के शीर्ष अधिकारियों ने भाग लिया था। चीन वर्तमान में इस क्षेत्र का एकमात्र देश है जिसने स्टील्थ विमान विकसित किया है। चीन और पाकिस्तान गहरे सैन्य संबंध साझा करते हैं। पाकिस्तान की सेना के तीनों अंगों के आधुनिकीकरण में चीन मदद कर रहा है। चीन ने अपने स्वयं के सशस्त्र बलों का अरबों डॉलर के रक्षा व्यय के साथ आधुनिकीकरण किया है। चीन ने पाकिस्तान को जे-17 थंडर लड़ाकू विमान को संयुक्त रूप से विकसित करने और संचालित करने में मदद की है।

    भारत की स्वदेशी योजना
    इसके विपरीत, भारत ने फिफ्थ-जेनरेशन फाइटर जेट्स विकसित करने के लिए अपने स्वदेशी एडवांस्ड मीडियम कॉम्बैट एयरक्राफ्ट (AMCA) कार्यक्रम पर ध्यान केंद्रित किया है। संसद की रक्षा स्थायी समिति की 2024-25 की रिपोर्ट के अनुसार, AMCA विमानों की डिलीवरी अगले दशक में शुरू होने की उम्मीद है। हालांकि, रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन (DRDO) को इस परियोजना में कई तकनीकी और समयसीमा से जुड़ी चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है।

    विशेषज्ञों की राय
    SCMP से बात करते हुए अमेरिकी एयरफोर्स के चीन एयरोस्पेस स्टडीज इंस्टीट्यूट के निदेशक ब्रेंडन मुलवेनी ने कहा, "पाकिस्तान का यह कदम पश्चिमी देशों से दूर और चीन की ओर झुकाव को दर्शाता है।" हालांकि, उन्होंने यह भी कहा कि J-35 कितना असरदार है ये सब चीन द्वारा प्रदान किए गए हथियार, सेंसर और C4ISR (कमांड, कंट्रोल, कम्युनिकेशन, कंप्यूटर, इंटेलिजेंस, सर्विलांस और रिकॉनिसेंस) पर निर्भर करेगा। वहीं, आलोचकों ने पाकिस्तान की आर्थिक स्थिति और ऐसे एडवांस प्लेटफॉर्म को बनाए रखने की क्षमता पर सवाल उठाए हैं।

    कर्ज और भुखमरी से जूझ रहा पाकिस्तान
    पाकिस्तान एक और कर्ज पर कर्ज ले रहा और उसकी बड़ी आबादी भुखमरी से जूझ रही है लेकिन भारत से बराबरी की सनक हावी है। हाल ही में विश्व बैंक की एक रिपोर्ट में कहा गया है कि पाकिस्तान को कर्ज देने के मामले में चीन शीर्ष पर है। उसने सबसे अधिक करीब 29 अरब डॉलर का कर्ज दिया है। वहीं सऊदी अरब करीब 9.16 अरब डॉलर के कर्ज के साथ दूसरे स्थान पर है। रिपोर्ट के अनुसार हालांकि पाकिस्तान के कुल विदेशी ऋण में चीन की हिस्सेदारी घटी है। यह 2023 में 25 प्रतिशत थी जो अब घटकर 22 प्रतिशत पर आ गई है। जबकि सऊदी अरब की हिस्सेदारी 2023 में दो प्रतिशत से बढ़कर 2024 में सात प्रतिशत पर आ गई। रिपोर्ट के अनुसार हालांकि पाकिस्तान के कुल विदेशी ऋण में चीन की हिस्सेदारी घटी है। यह 2023 में 25 प्रतिशत थी जो अब घटकर 22 प्रतिशत पर आ गई है। जबकि सऊदी अरब की हिस्सेदारी 2023 में दो प्रतिशत से बढ़कर 2024 में सात प्रतिशत पर आ गई।
     

  • रीवा में असली पुलिस का नकली पुलिस से हो गया सामना, वर्दी पहने  2 महिलाएं गिरफ्तार

    रीवा में असली पुलिस का नकली पुलिस से हो गया सामना, वर्दी पहने 2 महिलाएं गिरफ्तार

    रीवा

    मध्य प्रदेश  के रीवा में असली पुलिस का नकली पुलिस से सामना हो गया। दरअसल, पुलिस की वर्दी पहनकर दो महिलाएं वसूली कर रही थी। दोनों अपना दबदबा दिखाने के लिए नकली ड्रेस  पहनकर इलाके में घूम रही थी और पैसे उगाही कर रही थी। जिसके बाद लाडली लक्ष्मी पथ से दोनों को गिरफ्तार कर लिया गया है।

    रीवा

    मध्य प्रदेश  के रीवा में असली पुलिस का नकली पुलिस से सामना हो गया। दरअसल, पुलिस की वर्दी पहनकर दो महिलाएं वसूली कर रही थी। दोनों अपना दबदबा दिखाने के लिए नकली ड्रेस  पहनकर इलाके में घूम रही थी और पैसे उगाही कर रही थी। जिसके बाद लाडली लक्ष्मी पथ से दोनों को गिरफ्तार कर लिया गया है।

    दअसल, सिविल लाईन थाना क्षेत्र के लाडली लक्ष्मी पथ में दो महिला पुलिसकर्मियों की संदिग्ध गतिविधियों की सूचना किसी ने पुलिस को दी थी। जिसके बाद बनाई गई स्पेशल टीम कोड रेड और सिविल लाईन थाना पुलिस मौके पर पहुंची। दोनों से पूछताछ की गई, जिसमें उनके नकली पुलिस बनकर घूमने का खुलासा हो गया। फर्जी महिलाओं को पुलिस को गिरफ्तार कर उनके खिलाफ BNS की धारा 204,205 के तहत एफआईआर दर्ज की।

    सिविल लाईन थाना प्रभारी कमलेश साहू ने बताया, “महिलाएं तीन-चार दिनों से शहर में घूम रही थी। फिलहाल उनसे पूछताछ की जा रही है। उनके संबंध में अन्य जानकारी जुटाने सहित सहयोगियों की पतासाजी की जा रही है।”

  • दिल्ली-जयपुर हाइवे पर मिथेन ऑयल का टैंकर पलटा, गैस लीक से इलाके में मचा हड़कंप, रिसाव रोकने के प्रयास में जुटी दमकल टीम

    दिल्ली-जयपुर हाइवे पर मिथेन ऑयल का टैंकर पलटा, गैस लीक से इलाके में मचा हड़कंप, रिसाव रोकने के प्रयास में जुटी दमकल टीम

    जयपुर
    राजस्थान की राजधानी जयपुर में दिल्ली-जयपुर हाइवे पर एक मिथेन ऑयल का टैंकर पलट गया है जिसके बाद एक किलोमीटर का एरिया ख़ाली करवाया गया है. टैंकर से गैस लीक होने के बाद इलाके में हड़कंप मच गया है जिसके बाद मौके सिविल डिफेंस की टीम पहुंची है. जयपुर से करीब 20 किलोमीटर दूर चंदवाजी के सेवन माता मंदिर के पास हुए इस हादसे के बाद जयपुर से दमकल की दर्जनों गाड़ियां मौके पर पहुंची हैं. सिविल डिफेंस की टीम को मौके पर भी तैनात किया गया है. टीम गैस रिसाव रोकने के प्रयास में जुटी है और लगातार पानी का छिड़काव किया जा रहा है.

    इस हाईवे पर ट्रैफिक को डायवर्ट कर दिया गया है. ट्रक ड्राइवर ने पुलिस को बताया कि ट्रक के नीचे अचानक से गाय आ गई थी जिसे बचाने में ट्रक पलट गया. घटना के बाद से हाईवे बंद करने से लंबा जाम लग गया है. हादसे के बाद पुलिस ने एक किलोमीटर के एरिया को खाली करा दिया है और लाउड स्पीकर से घोषणा कर लोगों को दूर रहने की हिदायत दी जा रही है. एंबुलेंस 108 तीन गाड़ियां मौके पर तैनात की गई हैं.

    क्या होता है मिथेन गैस और कितना खतरनाक ?
    मिथेन (CH₄) एक रंगहीन, गंधहीन और ज्वलनशील गैस है. यह प्राकृतिक गैस का मुख्य घटक है और हाइड्रोकार्बन का सबसे सरल रूप है. मिथेन का उत्पादन मुख्य रूप से प्राकृतिक स्रोतों (जैसे दलदली क्षेत्र) और मानवीय गतिविधियों जैसे पशुपालन, लैंडफिल और जीवाश्म ईंधन के उपयोग से पैदा होता है. यह सीधे तौर पर जहरीली नहीं होती है. हालांकि मिथेन एक अत्यधिक ज्वलनशील गैस है. अगर यह हवा के साथ मिश्रित हो जाए और आग के संपर्क में आ जाए, तो विस्फोट हो सकता है. मिथेन शक्तिशाली ग्रीनहाउस गैस है. इसका ग्लोबल वार्मिंग पोटेंशियल (GWP) कार्बन डाइऑक्साइड (CO₂) की तुलना में 25 गुना अधिक है. यह वातावरण में गर्मी को बढ़ा कर जलवायु परिवर्तन को तेज कर देता है.

    अजमेर-दिल्ली हाईवे पर हुए धमाके में गई थी 19 लोगों की जान
    बता दें कि जयपुर में अजमेर-दिल्ली हाईवे पर बीते हफ्ते एक भीषण हादसे में 19 लोग जलकर मर गए थे और 20 लोग अस्पताल में ज़िंदगी की जंग लड़ रहे हैं. दरअसल यह दुर्घटना उस समय हुई थी जब एक ट्रक ने एक एलपीजी टैंकर को उल्टा मोड़ने की कोशिश में टक्कर मार दी थी. इसके बाद जोरदार धमाका हुआ था और उससे बने आग के गोले ने 34 वाहनों को अपनी चपेट में ले लिया था. इनमें 10 कंटेनर, सात ट्रेलर, पांच ट्रक, आठ चार पहिया वाहन, दो पिकअप ट्रक और दो स्लीपर बसें शामिल थीं.

  • FL-3 बार हैवेन्स पार्क पर आबकारी विभाग की बड़ी कार्रवाई, लाइसेंस निरस्त  कर जड़ा ताला

    FL-3 बार हैवेन्स पार्क पर आबकारी विभाग की बड़ी कार्रवाई, लाइसेंस निरस्त कर जड़ा ताला

    बिलासपुर

    आबकारी विभाग ने न्यायधानी के FL-3 बार हैवेन्स पार्क पर ताला जड़ दिया है. आबकारी विभाग की टीम ने बार से बाहरी राज्यों की शराब बेचने के जुर्म में पन्द्रह दिनों के लिए लायसेंस निलंबित कर बार में ताला जड़ दिया है.

    बता दें, कि आबकारी की टीम ने बीते 6 दिसम्बर को हैवेन्स पार्क में आकस्मिक कार्रवाई के दौरान हरियाणा राज्य की 9 बोतल शराब बरामद किया. मामले में बार कर्मचारी के खिलाफ आबकारी एक्ट के तहत अपराध दर्ज कराया गया. साथ ही बार संचालक को कारण बताओ नोटिस भी जारी किया गया. संतोषप्रद जवाब नहीं मिलने पर बिलासपुर आबकारी सहायक आयुक्त नवनीत तिवारी ने कलेक्टर अवनीश शरण के आदेश पर पन्द्रह दिनों के लिए बार पर ताला जड़ दिया है.

  • जगदीशपुर इलाके में बहन के साथ हो रही छेड़खानी का विरोध करने पर भाई पर आरोपियों ने जानलेवा हमला कर दिया

    जगदीशपुर इलाके में बहन के साथ हो रही छेड़खानी का विरोध करने पर भाई पर आरोपियों ने जानलेवा हमला कर दिया

    अमेठी
    उत्तर प्रदेश के अमेठी के जगदीशपुर इलाके में बहन के साथ हो रही छेड़खानी का विरोध करने पर 26 वर्षीय एक शख्स आरोपियों ने जानलेवा हमला कर दिया. इस हमले में वो गंभीर रूप से घायल हो गया. पीड़ित व्यक्ति की बहन कक्षा 9 की छात्रा है. उसके साथ कुछ लड़कों का समूह अक्सर छेड़छाड़ करके परेशान किया करता था. पीड़ित के परिजनों ने पुलिस पर लापरवाही का आरोप लगाया है. आलाधिकारियों के दखल के बाद पुलिस मामले की जांच कर रही है.

    जानकारी के मुताबिक, यह घटना गुरुवार को हुई है. उस वक्त रंजीत (26) नामक युवक पर लड़कों के एक समूह ने धारदार हथियार से हमला कर दिया. उसे इलाज के लिए जगदीशपुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) ले जाया गया. लेकिन स्थिति की गंभीरता को देखते हुए डॉक्टरों ने उसे ट्रामा सेंटर रेफर कर दिया. पीड़ित के परिवार का दावा है कि उन्होंने पहले भी जगदीशपुर पुलिस में उत्पीड़न के संबंध में शिकायत दर्ज कराई थी, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई.

    पीड़िता की बहन जब भी स्कूल जाती, तो लड़कों का एक समूह उसके साथ छेड़खानी किया करता था. पीड़ित छात्रा ने बताया, "जब भी मैं स्कूल जाती, तो लड़कों का एक समूह मेरे साथ दुर्व्यवहार करता था. मुझे अक्सर परेशान किया करता था. मैंने अपने परिवार को इस बारे में बताया, लेकिन जब उन्होंने हस्तक्षेप करने की कोशिश की, तो उन्हें जान से मारने की धमकियां दी गई थीं." पीड़िता के परिजनों ने जगदीशपुर थाना प्रभारी और एक कांस्टेबल लापरवाही का आरोप लगाया.

    हालांकि, पुलिस ने पीड़ित के परिजनों के आरोपों का खंडन किया है. लड़की ने आरोप लगाया कि कांस्टेबल प्रवीण कुमार और थाना प्रभारी ने उनकी शिकायत पर कार्रवाई करने के बजाय उत्पीड़न का सबूत मांगा. पुलिस उपाधीक्षक (मुसाफिरखाना) अतुल कुमार सिंह ने कहा, "हमें घटना की जानकारी मिली है. मौके पर पुलिस बल तैनात है. घायल व्यक्ति रंजीत को अस्पताल में भर्ती कराया गया है. औपचारिक शिकायत मिलते ही दोषियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई शुरू की जाएगी."

    लापरवाही के आरोपों के बारे में पूछे जाने पर जगदीशपुर थाना प्रभारी धीरेंद्र यादव ने पीटीआई को बताया कि इस मामले शिकायत दर्ज की गई थी, लेकिन मामले की जांच की गई तो प्रथम दृष्टया शिकायतकर्ताओं द्वारा लगाए गए आरोप झूठे पाए गए. पुलिस ने हमले के लिए जिम्मेदार लोगों के खिलाफ पूरी जांच और सख्त कानूनी कार्रवाई का आश्वासन दिया है. पुलिस उपाधीक्षक खुद इस मामले की देखरेख कर रहे हैं. इस घटना से लोगों में पुलिस के खिलाफ गुस्सा है.

  • किसानों ने कहा – फसलें लहलहाएंगी, पलायन रुकेगा

    किसानों ने कहा – फसलें लहलहाएंगी, पलायन रुकेगा

    भोपाल
    देश की पहली अति महत्वाकांक्षी और बहुउद्देशीय केन-बेतवा नदी जोड़ो राष्ट्रीय परियोजना से बुंदेलखंड क्षेत्र में फसलें लहलहाएंगी और पलायन रुकेगा। वहां के बहुत से गांवों के निवासियों को, जो पानी की कमी के चलते काम की तलाश में समीपवर्ती राज्यों में पलायन कर जाते थे, अब उन्हें अपना घर – गांव छोड़कर बाहर नहीं जाना पड़ेगा। खेतों में पर्याप्त पानी होगा तो वे वर्ष भर फसल ले सकेंगे। यह किसानों के लिए किसी सपने के पूरे हो जाने से कम नहीं होगा और इसके लिए वे प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी और मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव का दिल से धन्यवाद एवं आभार प्रकट करते हैं।

    सटई गांव के किसान मुन्ना असाटी बताते हैं उनका क्षेत्र कम वर्षा के कारण सूखाग्रस्त है और इस कारण वहां के किसान मुश्किल से एक फसल ले पाते हैं। समीप के गांव कुंदरपुरा, जो जनजातीय बहुल ग्राम है, के तो 90% निवासी काम की तलाश में दिल्ली, हरियाणा और पंजाब चले जाते हैं। गांव में पानी आ जाने से न केवल वे खेती कर पाएंगे बल्कि अपने घर में रह पाएंगे, मां-बाप की देखभाल कर पाएंगे, बच्चों को पढ़ा पाएंगे।

    ग्राम सिमरा पनिहार के कृषक बल्दू केवट, रामनारायण दुबे और हकीमपुरा के रामेश्वर अहिरवार बताते हैं कि अभी वे वर्ष भर में पानी की कमी के चलते केवल एक फसल ले पाते हैं। परियोजना से खेतों में पानी आएगा तो वे वर्ष में तीन फसल ले पाएंगे। पर्याप्त आमदनी होने से परिवार का लालन-पालन भी ढंग से हो पाएगा।

    ग्राम टिकरी के किसान बृज गोपाल अवस्थी, ग्राम जटकारा के प्रकाश पंडित, ग्राम बृजपुरा के आसाराम साहू और भवानी दीन मिश्रा बताते हैं कि कम बारिश के कारण क्षेत्र में भू-जल स्तर भी बहुत नीचे चला गया है। कुआं खुदवाओ तो पानी बहुत नीचे मिलता है। बरसात के थोड़े दिनों के बाद यहां के सारे स्टॉप डैम भी सूख जाते हैं, जिससे सिंचाई के लिए कोई साधन उपलब्ध नहीं रहता। ऐसे में खेती करना बहुत मुश्किल हो जाता है। जैसे-तैसे खेती तो करते हैं, परंतु उत्पादन बहुत कम होता है। केन-बेतवा परियोजना से भूमि जल का स्तर बढ़ेगा और विभिन्न जल स्रोतों से भी सिंचाई के लिए पानी मिल पाएगा। पशुओं के लिए हरा-भरा चारा और पानी मिलने से पशुपालन भी बढ़ेगा।

    खजुराहो के कृषक बाबूलाल पटेल और बिहारी लाल पटेल बताते हैं कि खजुराहो में अनेक पर्यटन स्थल है, परंतु पानी की कमी के कारण पर्यटन पर भी असर पड़ता है। केन-बेतवा परियोजना आ जाने से पर्यटन के क्षेत्र में भी वृद्धि होगी। रोजगार और व्यवसाय भी बढ़ेगा। पानी की उपलब्धता से आस-पास के क्षेत्र में उद्योग भी लगेंगे।

     

  • अंबिकापुर में माफियाओं के लिए जमीन से कब्जा खाली कराने वाला गैंग गिरफ्तार

    अंबिकापुर में माफियाओं के लिए जमीन से कब्जा खाली कराने वाला गैंग गिरफ्तार

    सरगुजा

     अंबिकापुर में जमीन से कब्जा खाली कराने वाले गैंग को पकड़ने में पुलिस को सफलता मिली है. अंबिकापुर में हरियाणा के गुर्गे जमीन पर कब्जा खाली कराने का काम करते थे. सीतापुर इलाके में बाइक लूट के बाद गिरोह के 5 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है.

    अमोलक सिंह ढिल्लो अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक सरगुजा ने मामले का खुलासा करते हुए बताया कि यह गिरोह जमीन माफियाओं के लिए अंबिकापुर में काम करने का प्लान बनाया था. सीतापुर इलाके में बाइक लूट के बाद गिरोह को पकड़ा गया है. ठेकेदार मनीष अग्रवाल के कर्मचारी की बाइक को गिरोह ने लूटा था. सीसीटीवी फुटेज के आधार पर पांच लोगों को गिरफ्तार किया गया है.

    सभी आरोपी रोहतक हरियाणा के रहने वाले हैं. आरोपी बाइक लूट के बाद फरार हो गए थे. सीसीटीवी फुटेज के आधार पर गांधीनगर क्षेत्र के सुभाषनगर से पांचों आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है. गिरोह से एक कट्टा, डंडा, स्कॉर्पियो व बाइक जब्त किया गया है. स्कॉर्पियो हरियाणा नंबर की थी इसलिए CG नंबर की बाइक लूटे थे, ताकि लोगों को स्थानीय नंबर की बाइक पर घूमने से शक न हो.