High Court जुलाई में नर्सिंग प्रकरण की सुनवाई प्रतिदिन करेगा, Law Student एसोसिएशन की मांग पर हुई व्यवस्था

जबलपुर
हाई कोर्ट के न्यायमूर्ति अतुल श्रीधरन व न्यायमूर्ति दिनेश कुमार पालीवाल की युगलपीठ ने प्रदेश के बहुचर्चित नर्सिंग कालेज फर्जीवाड़े से जुड़े सभी मामलों की सुनवाई जुलाई माह से अब दिन-प्रतिदिन करने की व्यवस्था दी है। कोर्ट ने साफ किया कि यह प्रदेश के स्वास्थ्य से जुड़ा अत्यंत महत्वपूर्ण मामला है। ऐसे में, 3 जुलाई से रोजाना सुनवाई की जाएगी।

हाई कोर्ट में नर्सिंग प्रकरण की सुनवाई

दरअसल, लॉ स्टूडेंट्स एसोसिएशन के अध्यक्ष विशाल बघेल की ओर से मामले का जल्द निराकरण करने का अनुरोध किया गया था। शुक्रवार को सुनवाई के दौरान कोर्ट ने कहा कि नर्सिंग मामले में लॉ स्टूडेंट्स एसोसिएशन की जनहित याचिका को सभी नर्सिंग मामलों का लीड केस मानते हुए सुनवाई की जाएगी। कोर्ट ने रजिस्ट्री को निर्देशित किया कि कोई भी नर्सिंग से संबंधित प्रकरण जो भविष्य में सुनवाई हेतु पेश किए जाते हैं तो उनकी एक प्रति याचिकाकर्ता को भी उपलब्ध कराई जाएगी।

अधिकारियों की अनुपस्थिति पर फटकार

उल्लेखनीय है कि विगत 3 साल से हाई कोर्ट में नर्सिंग घोटाले की सुनवाई हो रही है। हाई कोर्ट की मॉनिटरिंग में हुई सीबीआई जांच के बाद अब मध्य प्रदेश में नर्सिंग कॉलेजों की संख्या 200 के आसपास रह गई है। मामले में इतनी बड़ी संख्या में अपात्र कॉलेजों को मान्यता देने वाले अधिकारियों और अपात्र कॉलेजों के विरुद्ध कार्रवाई होना शेष है। विगत सुनवाई के दौरान हाई कोर्ट ने इंडियन नर्सिंग काउंसिल की सचिव और एमपी नर्सिंग काउंसिल के रजिस्ट्रार व चेयरमैन को अगली सुनवाई के दौरान हाजिर होने के निर्देश दिए थे। अधिकारियों की अनुपस्थिति पर हाई कोर्ट ने कड़ी फटकार लगाई। दोनों की ओर से हाजिरी माफी के आवेदन पर भी कोर्ट ने सुनवाई नहीं की।

More From Author

कल्याण चौबे का भूटिया पर पलटवार: भूटिया ने जानबूझकर एआईएफएफ की छवि को धूमिल करने के लिए लगाए बेबुनियाद आरोप

अग्निवीर भर्ती: अभ्यर्थियों को ई-मेल पर भेजे प्रवेश पत्र, ग्वालियर में 3 और सागर में 2 केंद्र बनाए गए हैं

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

RO No. 13766/145

city24x7.news founded in 2021 is India’s leading Hindi News Portal with the aim of reaching millions of Indians in India and significantly worldwide Indian Diaspora who are eager to stay in touch with India based news and stories in Hindi because of the varied contents presented in an eye pleasing design format.