हथियार डालने का संकेत! हमास के ऐलान से बढ़ी उम्मीदें, क्या इज़रायल मानेगा शर्त?

गाजा 
गाजा में युद्धविराम समझौता लागू होने के बावजूद इजरायल और हमास के बीच आए दिन टकराव की खबरें आती रहती हैं। इसी बीच हमास ने एक बड़ा बयान जारी किया है। हमास ने कहा है कि वह गाजा पट्टी में अपने हथियार उस फिलिस्तीनी प्राधिकरण को सौंपने को तैयार है जो इस क्षेत्र पर शासन करेगा, बशर्ते इजरायली कब्जा पूरी तरह समाप्त हो जाए।
 
हमास के मुख्य वार्ताकार और गाजा में इसके प्रमुख खलील अल-हय्या ने एक बयान में कहा कि हमारे हथियार कब्जे और आक्रामकता के अस्तित्व से जुड़े हुए हैं। यदि कब्जा खत्म हो जाता है, तो ये हथियार राज्य के अधीन चले जाएंगे। हय्या के कार्यालय ने बताया कि उनका इशारा एक संप्रभु और स्वतंत्र फिलिस्तीनी राज्य की ओर था। हय्या ने आगे कहा कि हम संयुक्त राष्ट्र के सैन्य बलों की तैनाती को एक 'पृथक्करण बल' (सेपरेशन फोर्स) के रूप में स्वीकार करते हैं, जिनका काम सीमाओं की निगरानी करना और गाजा में युद्धविराम का पालन सुनिश्चित करना होगा। इस तरह हमास ने उस अंतरराष्ट्रीय बल की तैनाती को साफ तौर पर खारिज कर दिया जिसका मिशन गाजा पट्टी को पूरी तरह निरस्त्रीकरण करना हो।

इस बीच खबर है कि अमेरिका की मध्यस्थता में हुए युद्धविराम समझौते के अगले चरण के तहत वर्ष के अंत तक गाजा के संचालन के लिए एक अंतरराष्ट्रीय निकाय की घोषणा होने की संभावना है। युद्धविराम समझौते के अनुसार, 'शांति बोर्ड' नाम का यह निकाय, जिसकी अध्यक्षता अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप करेंगे, दो वर्ष के संयुक्त राष्ट्र जनादेश के तहत गाजा के पुनर्निर्माण की निगरानी करेगा।

नाम न छापने की शर्त पर अरब अधिकारियों और पश्चिमी राजनयिकों ने एसोसिएटेड प्रेस (AP) को बताया कि इस बोर्ड में पश्चिम एशिया और पश्चिमी देशों के करीब एक दर्जन अन्य नेता भी शामिल होंगे। साथ ही, युद्ध के बाद गाजा के दैनिक प्रशासन के लिए फिलिस्तीनियों की एक समिति की भी घोषणा की जाएगी।

काहिरा से फोन पर एपी से बात करने वाले एक पश्चिमी राजनयिक ने कहा कि इसकी घोषणा संभवतः इस महीने के अंत में ट्रंप और इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू की मुलाकात के दौरान की जाएगी। युद्धविराम समझौते के तहत सुरक्षा व्यवस्था कायम रखने और हमास के निरस्त्रीकरण को सुनिश्चित करने के लिए एक सशस्त्र अंतरराष्ट्रीय स्थिरीकरण बल भी गठित किया जाएगा।

यह घोषणा ट्रंप की 20-सूत्री युद्धविराम योजना के कार्यान्वयन की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम होगी। यह समझौता 10 अक्टूबर को लागू हुआ था। एक अरब अधिकारी ने बताया कि गाजा के लिए अंतरराष्ट्रीय बल में किन-किन देशों की सेनाएं शामिल होंगी, इस पर अभी बातचीत चल रही है, लेकिन तैनाती 2026 की पहली तिमाही में शुरू होने की संभावना है।

More From Author

सीरीज जीत के बाद गंभीर ने दिया स्पष्ट संदेश— ‘अनुभव जरूरी है, पर युवा जोश ही भविष्य है’

हुमायूं कबीर का ममता बनर्जी पर बड़ा हमला, ‘बाबरी मस्जिद’ बयान के साथ दी सियासी चेतावनी

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

RO No. 13766/145

city24x7.news founded in 2021 is India’s leading Hindi News Portal with the aim of reaching millions of Indians in India and significantly worldwide Indian Diaspora who are eager to stay in touch with India based news and stories in Hindi because of the varied contents presented in an eye pleasing design format.