सतना /चित्रकूट
सतना जिले में लगातार बारिश से नदी-नाले उफान पर हैं। निचले इलाकों में जलभराव की स्थिति है। सिमरावल नदी के बढ़ते जलस्तर को देखते हुए 36 गांवों को अलर्ट किया गया है।मझगवां के पालदेव में घरों और सड़कों में पानी भर गया है, जबकि डेंगरहट-खोड़री पुल धंसने और मझगवां-पहाड़ीखेड़ा संपर्क मार्ग अवरुद्ध होने से आवागमन प्रभावित हुआ है।
चित्रकूट में मंदाकिनी नदी खतरे के निशान से करीब दो मीटर ऊपर बह रही है। रामघाट की करीब 300 दुकानें पानी में डूब गई हैं। प्रशासन और पुलिस की टीमें प्रभावित इलाकों में लगातार निगरानी कर रही हैं।
मैहर में भारी बारिश और नदी-नालों के उफान को देखते हुए आज यानी 1 सितंबर को सभी स्कूलों में अवकाश घोषित किया गया है।
इस मानसूनी सीजन में मध्य प्रदेश में 74% यानी, औसत 27.7 इंच बारिश हो चुकी है। अकेले अगस्त महीने में ही 12 इंच पानी गिरा। अब सितंबर में 9.6 इंच पानी की जरूरत है। इसके बाद प्रदेश की सामान्य बारिश 37.3 इंच का आंकड़ा पार होगा। हालांकि, अगले 4 दिन प्रदेश के कई जिलों में अति भारी और भारी बारिश का अलर्ट है। ऐसे में आंकड़े में बढ़ोतरी की उम्मीद है।
IMD (मौसम केंद्र) भोपाल के अनुसार, बंगाल की खाड़ी में लो प्रेशर एरिया (निम्न दाब क्षेत्र) और ट्रफ की वजह से 4 सितंबर तक जबलपुर, रीवा, शहडोल, सागर, भोपाल, नर्मदापुरम, उज्जैन और ग्वालियर-चंबल संभाग में तेज बारिश होगी।
आज इन जिलों में अलर्ट
मौसम विभाग ने मंगलवार को उमरिया और बालाघाट में अति भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। पन्ना, सतना, रीवा, मऊगंज, सीधी, सिंगरौली, कटनी, मैहर, शहडोल, अनूपपुर, डिंडौरी, जबलपुर, मंडला, सिवनी और छिंदवाड़ा में भारी बारिश हो सकती है।
वहीं, भोपाल, रायसेन, सीहोर, राजगढ़, विदिशा, इंदौर, धार, आलीराजपुर, बुरहानपुर, बड़वानी, खंडवा, खरगोन, झाबुआ, उज्जैन, नीमच, आगर-मालवा, मंदसौर, शाजापुर, देवास, रतलाम, नर्मदापुरम, बैतूल, हरदा, ग्वालियर, गुना, शिवपुरी, दतिया, अशोकनगर, मुरैना, भिंड, श्योपुर, नरसिंहपुर, पांढुर्णा, सागर, दमोह, छतरपुर, टीकमगढ़ और निवाड़ी में कहीं तेज तो कहीं हल्की बारिश होगी।



