आधार प्रमाणीकरण एवं सत्यापन विषय पर एक-दिवसीय राज्य स्तरीय कार्यशाला का हुआ आयोजन

रायपुर

छत्तीसगढ़ शासन इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी विभाग द्वारा आज गुरुवार को ‘आधार प्रमाणीकरण एवं सत्यापन’ विषय पर एक-दिवसीय राज्य स्तरीय कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यशाला का उद्देश्य राज्य शासन के अधिकारियों- कर्मचारियों को आधार प्रमाणीकरण एवं सत्यापन की तकनीकी प्रक्रियाओं, ऑफलाइन सत्यापन, फेस ऑथेंटिकेशन तथा आधार सेवाओं के सुरक्षित उपयोग से संबंधित व्यावहारिक जानकारी प्रदान करना था।

कार्यशाला की मुख्य अतिथि खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग की सचिव रीना बाबासाहेब कंगाले रहीं। उन्होंने कहा कि सरकारी योजनाओं एवं सेवाओं का लाभ सही हितग्राहियों तक पहुंचाने के लिए आधार प्रमाणीकरण एक महत्वपूर्ण प्रक्रिया है। इसके प्रभावी क्रियान्वयन में कुछ व्यावहारिक चुनौतियां भी सामने आती हैं। ऐसे में आधार की ऑफलाइन सत्यापन व्यवस्था की जानकारी अधिकारियों एवं संबंधित विभागों के लिए महत्वपूर्ण और उपयोगी है।

 कंगाले ने हितग्राही सत्यापन से जुड़ी चुनौतियों का उल्लेख करते हुए कहा कि फिंगरप्रिंट आधारित आधार प्रमाणीकरण के माध्यम से हितग्राहियों की पहचान सुनिश्चित करने से छत्तीसगढ़ में सार्वजनिक वितरण प्रणाली में पारदर्शिता बढ़ाने और पात्र हितग्राहियों तक योजनाओं का लाभ पहुंचाने की प्रक्रिया को मजबूती मिली है। उन्होंने कहा कि कार्यशाला से अधिकारियों एवं विभागीय प्रतिनिधियों को आधार प्रमाणीकरण एवं सत्यापन की प्रक्रियाओं की बेहतर समझ मिलेगी तथा वे निर्धारित प्रावधानों के अनुरूप इसका प्रभावी उपयोग सुनिश्चित कर सकेंगे।  

33 जिलों में 1,100 से अधिक आधार सेवा केंद्र संचालित

 कार्यशाला में छत्तीसगढ़ इन्फोटेक प्रमोशन सोसाइटी (चिप्स) के मुख्य कार्यपालन अधिकारी मयंक अग्रवाल ने बताया कि छत्तीसगढ़ के सभी 33 जिलों में इन-हाउस मॉडल के तहत 1,100 से अधिक आधार सेवा केंद्र शासकीय परिसरों में संचालित किए जा रहे हैं । इन केंद्रों के माध्यम से नागरिकों को आधार नामांकन एवं अद्यतन की सुरक्षित, सुगम और विश्वसनीय सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है । उन्होंने बताया कि राज्य में अब तक 3 करोड़ 17 लाख 33 हजार से अधिक आधार पंजीकरण किए जा चुके हैं। 

7 लाख से अधिक बच्चों का अनिवार्य बायोमेट्रिक अद्यतन

अग्रवाल ने बताया कि नागरिकों तक आधार सेवाओं की सहज पहुँच सुनिश्चित करने के लिए राज्य के विभिन्न जिलों में विशेष आधार शिविरों का आयोजन किया गया है। विशेष रूप से 5-15 वर्ष तथा 15-17 वर्ष आयु वर्ग के बच्चों के अनिवार्य बायोमेट्रिक अद्यतन पर विशेष ध्यान देते हुए, इन शिविरों के माध्यम से अब तक 7 लाख से अधिक बच्चों का अनिवार्य बायोमेट्रिक अद्यतन सफलतापूर्वक किया जा चुका है।

राज्य में 14 नये आधार सेवा केंद्र खोलने की अनुमति

अग्रवाल ने बताया कि छत्तीसगढ़़ राज्य के नागरिकों की सुविधा के लिए भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण ने राज्य में 14 नये आधार सेवा केंद्र खोलने की अनुमति प्रदान की है, जिसमें से 5 जिलों दुर्ग, महासमुंद, रायपुर, बिलासपुर और जांजगीर-चांपा में आधार सेवा केंद्र का संचालन भी प्रारम्भ कर दिया गया है शेष स्थानों पर कार्य प्रगतिरत है । चिप्स द्वारा इन 14 स्थानों के अतिरिक्त 7 अन्य जिलों में आधार सेवा केंद्र खोलने का प्रस्ताव भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण को प्रेषित किया है।  

आधार के सुरक्षित उपयोग एवं निर्धारित प्रक्रियाओं की दी जानकारी
 
कार्यशाला में वक्ता के रूप में नई दिल्ली से आये भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण के आधार उपयोग प्रभाग एवं मीडिया के  निदेशक लेफ्टिनेंट कर्नल प्रवीण चौधरी ने कहा कि आधार अधिनियम के प्रावधानों के तहत आधार से संबंधित विभिन्न प्रक्रियाओं के लिए स्पष्ट नियम एवं निर्धारित व्यवस्थाएं लागू हैं। उन्होंने कहा कि आधार का उपयोग नागरिकों की पहचान के सत्यापन को सुगम और सुरक्षित बनाने के उद्देश्य से किया जा रहा है। लेफ्टिनेंट कर्नल प्रवीण चौधरी ने बताया कि नागरिक स्वयं भी अपने आधार का सत्यापन कर सकते हैं, जिसके लिए ऑनलाइन के साथ-साथ ऑफलाइन माध्यम की सुविधा भी उपलब्ध है। उन्होंने आधार के सुरक्षित उपयोग, सत्यापन की निर्धारित प्रक्रियाओं, नागरिक सुविधा तथा डेटा सुरक्षा से जुड़े प्रावधानों की जानकारी देते हुए कहा कि आधार सेवाओं का उपयोग निर्धारित नियमों एवं प्रक्रियाओं के अनुरूप किया जाना आवश्यक है। लेफ्टिनेंट कर्नल प्रवीण चौधरी ने बताया कि ऑफलाइन आधार सत्यापन का उपयोग व्यवसायिक संस्थाएं, बैंक आदि निजी संस्थाओं द्वारा आधार के मोबाइल एप के माध्यम से भी किया जा सकेगा।

 कार्यशाला में वक्ता के रूप में भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण, क्षेत्रीय कार्यालय, हैदराबाद के निदेशक  टी. रामकृष्ण उपस्थित रहे। उन्होंने देश में आधार व्यवस्था के क्रमिक विस्तार तथा इसके लिए विकसित की गई तकनीकी एवं संस्थागत अधोसंरचना की विस्तृत जानकारी दी । उन्होंने बताया कि आधार सेवा केंद्रों के निरंतर विस्तार के साथ नागरिकों के लिए नामांकन, अद्यतन एवं प्रमाणीकरण जैसी सेवाओं की पहुंच भी लगातार बढ़ी है। उन्होंने आधार की तकनीकी संरचना, सेवा वितरण तंत्र तथा इसके सुचारू संचालन के लिए विभिन्न स्तरों पर कार्यरत व्यवस्थाओं और प्रक्रियाओं पर भी जानकारी दी।

तकनीकी सत्रों में आधार सत्यापन की प्रक्रियाओं पर हुई विस्तार से चर्चा

कार्यशाला के तकनीकी सत्रों में प्रतिभागियों को ऑफलाइन आधार सत्यापन, फेस ऑथेंटिकेशन तथा आधार सेवाओं के सुरक्षित उपयोग से संबंधित व्यावहारिक जानकारी दी गई। विशेषज्ञों ने सीमित नेटवर्क वाले क्षेत्रों में ऑफलाइन सत्यापन की उपयोगिता तथा फिंगरप्रिंट अथवा आइरिस प्रमाणीकरण में कठिनाई होने की स्थिति में फेस ऑथेंटिकेशन के उपयोग और लाभों के बारे में विस्तार से बताया। 

150 से अधिक अधिकारियों ने लिया भाग

कार्यशाला में छत्तीसगढ़ राज्य नागरिक आपूर्ति निगम के प्रबंध संचालक भास्कर विलास संदीपन, कोष एवं लेखा संचालनालय के संचालक एस. जयवर्धन, खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण संचालनालय की संचालक डॉ. फरिहा आलम, चिप्स के अतिरिक्त मुख्य कार्यपालन अधिकारी शशांक पांडे, संयुक्त मुख्य कार्यपालन अधिकारी अनुपम आशीष टोप्पो एवं आशीष जायसवाल सहित विभिन्न विभागों के 150 से अधिक अधिकारियों ने भाग लिया।

More From Author

मेला क्षेत्र 7 जोन और 20 सेक्टरों में विभाजित, 3 हजार पुलिसकर्मी रहेंगे तैनात

राज्यपाल पटेल ने रक्तदान स्वास्थ्य शिविर का लोकभवन में किया शुभारंभ

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

RO No. 13997/202

city24x7.news founded in 2021 is India’s leading Hindi News Portal with the aim of reaching millions of Indians in India and significantly worldwide Indian Diaspora who are eager to stay in touch with India based news and stories in Hindi because of the varied contents presented in an eye pleasing design format.